खबर शहर , आगरा: किसानों की जेब पर चोट, घाटे के चलते उन्नत आलू बीज से बनाई दूरी; 900 क्विंटल बचा, विभाग ने घटाए दाम – INA

कभी जिस कुफरी की विभिन्न प्रजातियों के आलू बीज पाने के लिए किसान तरसते थे, इस बार उद्यान विभाग को उसे बेचने के लाले पड़ गए हैं। अभी भी 900 क्विंटल बीज विक्रय केंद्र पर पड़ा है। आर्थिक मंदी से गुजर रहे आलू किसान नए की जगह पुराने बीज से ही बुवाई कर रहे हैं। ऐसे में उद्यान विभाग ने आलू बीज को बेचने के लिए अनुदान की एक हजार रुपये प्रति कुंतल की राशि को कीमत में कम कर दी है। फिर भी पिछली वर्ष घाटा खाए किसान नए आलू बीज खरीदने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं।


Table of Contents

जिले में इस बार आठ से अधिक कुफरी की प्रजातियों का 47 सौ क्विंटल आलू बीज का आवंटन हुआ था। एक हजार रुपये का अनुदान प्रति क्विंटल दिया जा रहा था, जो बीज खरीदने के बाद में किसान को खाते में पहुंचेगा। इस बार बीज की कीमत 2980 रुपये से 3630 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित हैं। जबकि बाजार में किसानों का आलू बीज मात्र 500 से 600 रुपये प्रति क्विंटल बिक रहा है। वहीं, आलू के किसान पिछली बार लागत तक नहीं निकाल सके थे। इससे आर्थिक तंगी के कारण किसानों ने नए बीज खरीदना नहीं चाहा और पुराने को बोने में जुट गए हैं।

अब उद्यान विभाग ने बीज बिक्री पूरी करने के लिए अनुदान के एक हजार की राशि को बेचते समय घटा दिया है। जिससे किसान नई कीमतों 1880 से 2630 रुपये प्रति क्विंटल में बीज को खरीद सकें। जिला उद्यान अधिकारी मनोज कुमार ने बताया कि विभाग के पास 900 क्विंटल बीज शेष बचा है। अब रजिस्ट्रेशन कराने वाले किसानों को एक हजार अनुदान घटाकर दिया जाएगा। जिससे कि किसान नया उन्नत बीज की बुवाई कर सकें।  

 


Credit By Amar Ujala

Back to top button
Close
Crime
Social/Other
Business
Political
Editorials
Entertainment
Festival
Health
International
Opinion
Sports
Tach-Science
Eng News